चेहरा-आंखें भी फोड़ीं, बेटी ने पुलिस को बताया पापा और बाबा ने मिलकर दोनों को मारा
एटा। सोमवार रात पति ने अपने पिता के साथ मिलकर पत्नी और सास की हत्या कर दी। आरोपी ने अपने तीन बच्चों के सामने ही दोनों के सिर और चेहरे पर हथौड़े से ताबड़तोड़ वार किए। उनका सिर बुरी तरह कूच दिया। आंखें फोड़ डालीं। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी लाशों को चारपाई पर छोड़कर फरार हो गए।
पुलिस के मुताबिक, आरोपी अपनी पत्नी और बच्चों के साथ ससुराल में ही रहता था। 2 दिन पहले उसका पिता उनसे मिलने आया था। रात करीब साढ़े 12 बजे दोनों ने मिलकर इस वारदात को अंजाम दिया। दोनों के भागने के बाद आरोपी का बेटा खुद थाने पहुंचा और पुलिस को घटना की जानकारी दी।
डबल मर्डर की सूचना पर एसएसपी डॉ. इलामारन पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। जांच के लिए फॉरेंसिक, डॉग स्क्वायड और एसओजी की टीमों को बुलाया। पुलिस ने मौके पर मौजूद बच्चों के बयान दर्ज किए। बड़ी बेटी ने बताया कि पापा और बाबा ने हमारे सामने ही मम्मी और नानी को मार डाला।
मृतकों की पहचान कमला देवी (65) और उनकी बेटी प्रियंका (40) के रूप में हुई है। वारदात जिला मुख्यालय से करीब 45 किलोमीटर दूर अवागढ़ थाना क्षेत्र के यादव नगर मोहल्ले की है।
यादव नगर मोहल्ले के रहने वाले रूकुमपाल (43) पुत्र सियाराम मूल रूप से फिरोजाबाद के थाती गदनपुर का रहने वाला है। 6 भाईयों में वो चौथे नंबर पर है। 5 साल से वो परिवार समेत अपनी ससुराल अवागढ़ के यादव नगर मोहल्ले में रह रहा था। परिवार में पत्नी प्रियंका के अलावा चार बच्चे- हिमांशु (22) कल्पना (18), राहुल (13) और सपना (10) हैं। रूकुमपाल खेती-बाड़ी करता है।
प्रियंका की बेटी कल्पना ने बताया कि सोमवार कर सुबह पापा-मम्मी में झगड़ा हुआ था। इसके बाद पापा किसी काम से शहर चले गए थे। रात को वो लौटकर आए तो फिर से दोनों में झगड़ा हुआ। रात को मम्मी और नानी घर के गेट के पास चारपाई पर सो गईं। हम चारों लोग घर में कमरे में सो रहे थे।
रात करीब 12 बजे अचानक शोर मचा। बाहर आकर देखा तो मेरे पापा और बाबा मेरी मां और नानी को मार रहे थे। उनके साथ गांव का एक और आदमी था। पापा के हाथ में हथौड़ा था। जबकि बाबा के हाथ में भी कोई लोहे का हथियार था। हम लोग ये देखकर डर गए।
बेटा भागकर थाने पहुंचा, पुलिस को वारदात बताई
कल्पना ने बताया कि मम्मी और नानी पर हमला देख मेरी छोटी बहन बेहोश होकर गिर गई। मैं उसे संभालने लगी। इसी बीच सभी लोग घर से भाग गए। हम भाई बहन मौके पर पहुंचे तो मां और नानी की मौत हो चुकी थी। ये देखने के बाद मेरा छोटा भाई राहुल भागकर तीन किमी दूर थाने पहुंचा और पुलिस को पूरा मामला बताया। तब जाकर पुलिस मेरे घर आई। कल्पना ने बताया – मेरी मां नानी की इकलौती बेटी थीं। इसलिए हम लोग उनके ही साथ रहते हैं। नाना की काफी समय पहले मौत हो चुकी है। मेरा बड़ा भाई बाहर काम करता है।
रुकुमपाल को पत्नी के कैरेक्टर पर शक था
आरोपी रुकुमपाल के बड़े भाई प्रेमपाल वारदात की सूचना के बाद फिरोजाबाद से एटा पहुंचे। उनका कहना है कि मेरे भाई का पत्नी से लंबे समय से झगड़ा होता आ रहा था। ऐसा सुनने में आया है कि उसे पत्नी के कैरेक्टर पर शक होता था। इसलिए ही दोनों में अक्सर झगड़ा होता था। मेरे पिता हम लोगों के साथ ही रहते हैं। दो दिन पहले ही वो रुकुमपाल के पास आए थे और से वारदात हो गई।
एएसपी श्वेताभ पांडे ने बताया कि आवागढ़ थाना क्षेत्र के आउटर इलाके में मां और बेटी की हत्या हुई है। पति से विवाद की बात सामने आ रही है। बच्चों ने पूरी वारदात के बारे में बताया है। आरोपियों की तलाश की जा रही है।