अपर आयुक्त पर अभद्र व्यवहार करने के लगाए आरोप
ग्रेटर नोएडा। सेक्टर-148 स्थित जीएसटी कार्यालय में एक बैठक के दौरान डिप्टी कमिश्नर वेद प्रकाश सिंह की तबीयत अचानक बिगड़ गई। उन्हें दिल का दौरा पड़ने के बाद तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका उपचार चल रहा है।
इस घटना के बाद जीएसटी विभाग के अधिकारियों ने अपर आयुक्त पर बैठक के दौरान अभद्र व्यवहार करने और मानसिक दबाव बनाने के आरोप लगाए हैं।
अधिकारियों के अनुसार, समीक्षा बैठक के दौरान अपर आयुक्त और डिप्टी कमिश्नर वेद प्रकाश सिंह के बीच कार्यों को लेकर चर्चा हो रही थी। आरोप है कि इस दौरान अपर आयुक्त ने उनसे गलत लहजे में बात की। बताया गया कि वेद प्रकाश सिंह ने कहा था कि वह पिछले पांच दिनों से पुलिस भर्ती ड्यूटी में लगे हुए थे। इसके अलावा जनगणना कार्य में भी विभागीय स्टाफ की ड्यूटी लगी हुई है, इसलिए लंबित कार्य पूरा करने के लिए उन्हें एक-दो दिन का अतिरिक्त समय दिया जाए।
अधिकारियों का आरोप है कि उनकी बात सुनने के बजाय अपर आयुक्त ने कथित रूप से अभद्र व्यवहार जारी रखा और आपत्तिजनक टिप्पणियां कीं। जीएसटी विभाग के कुछ अधिकारियों का कहना है कि यह पहला मामला नहीं है। उनका आरोप है कि अपर आयुक्त बैठकों के दौरान अधिकारियों के साथ अक्सर अभद्रता और गाली-गलौज करते हैं।
अधिकारियों ने दावा किया कि पिछले सप्ताह डीसी-11 आलोक कुमार की तबीयत भी बैठक के बाद बिगड़ गई थी। वहीं एक अन्य अधिकारी भी कथित तौर पर इस व्यवहार से परेशान हो चुकी हैं।
अस्पताल के डॉक्टरों के मुताबिक, जब वेद प्रकाश सिंह को लाया गया तब वे बेहोश थे। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें तत्काल आईसीयू में भर्ती करना पड़ा। फिलहाल उनकी स्थिति में सुधार बताया जा रहा है और डॉक्टर लगातार निगरानी कर रहे हैं। मामले पर जीएसटी के जॉइंट कमिश्नर संदीप भगिया ने कहा कि समीक्षा बैठक के दौरान उपायुक्त को कुछ परेशानी हो रही थी। सवाल पूछे जाने पर वे भावनात्मक रूप से विचलित हो गए थे।
उन्होंने बताया कि उन्हें शांत कराने का प्रयास किया गया, लेकिन जब उनकी स्थिति सामान्य नहीं हुई तो उन्हें अस्पताल भेजा गया। अब उनकी तबीयत पहले से बेहतर है।
घटना के बाद विभागीय अधिकारियों के बीच कार्यस्थल के माहौल और वरिष्ठ अधिकारियों के व्यवहार को लेकर चर्चा तेज हो गई है। हालांकि, अभद्रता के आरोपों पर विभाग की ओर से कोई आधिकारिक जांच या टिप्पणी सामने नहीं आई है।