सेंट्रल मार्केट में शुरू हुआ सेटबैक एक्शन, पहली कार्रवाई की जद में आया अमित मिरिंडा का घर
शारदा रिपोर्टर मेरठ। हिस्ट्रीशीटर अमित मिरिंडा के मकान पर बुलडोजर एक्शन हुआ है। शास्त्रीनगर के सेंट्रल मार्केट में अमित मिरिंडा का दो मंजिला मकान है। बताया जा रहा है कि आवास विकास की टीम ने सेटबैक एक्शन के तहत मिरिंडा के मकान पर बुलडोजर चलाया है। मकान में अनाधिकृत तरीके से हु कंस्ट्रक्शन को आज शनिवार सुबह-सुबह तोड़ दिया गया है।
आवास विकास की टीम भारी पुलिसबल और सुरक्षाफोर्स के साथ मौके पर पहुंची। टीम ने मकान में आगे का हिस्सा ढहा दिया है। वहीं अभी भी ये टीमें सेंट्रल मार्केट में ही मौजूद हैं। जहां दूसरे मकानों पर सेटबैक एक्शन के लिए तैयारी चल रही है।
आज शनिवार को सबसे पहले करवाई सेक्टर 9 स्थित हिस्ट्रीशीटर पुनीत मिरिंडा के मकान पर हुई। यह मकान लगभग 150 गज में बना हुआ है। जिसमें सेटबैक के अनुसार दीवार तोड़कर पीछे भी की जा चुकी थी। इसके बावजूद भी कार्रवाई की गई। लगभग 11:30 बजे यह कार्रवाई शुरू हुई। जिसमें पहले अमित मिरिंडा का ही मकान था। अभी तक तीन मकान पर एक्शन हो चुका है वहीं अधिशासी अभियंता अभिषेक राज के अनुसार अभी और भी कार्रवाई होगी।
आज फिलहाल एक ही टीम काम कर रही है। जिसमें दो जेसीबी आवास विकास के अधिकारी पीएससी और नौचंदी थाने की फोर्स मौजूद है। दुकान खाली करने को लेकर आवास विकास केंद्र शशि अभियंता अभिषेक राज और दुकानदारों के बीच नोंकझोंंक के दुकानदारों ने कहा दुकान खाली करने का समय दो जिस पर अभिषेक राज ने कहा के पहले ही नोटिस दिया जा चुका है किसी को भी 1 मिनट का भी समय नहीं मिलेगा। इस पूरे एक्शन के दौरान आवास विकास की ओर से अभियंता अभिषेक राज मौके पर हैं, जो इसको लेकर मीडिया से कुछ नहीं बोल रहे हैं। उन्होंने कहा कि मीडिया ब्रीफिंग का अधिकार मुझे नहीं हैं।
आवास विकास की टीम जब ध्वस्तीकरण एक्शन ले रही थी उस दौरान स्थानीय लोगों ने काफी विरोध किया। मेडिकल स्टोर चलाने वाले मसरूर अली ने कहा कि चार-चार मंजिला कंपलेक्स यहां चल रहे हैं उन पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है लेकिन एक भेदभाव के तहत हमारी दुकानों पर कार्रवाई की जा रही है जो लोग मोटा पैसा भर रहे हैं उनकी दुकानों को छोड़ा जा रहा है और जो इमानदारी से अपना परिवार पल रहा है उनका ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जा रही है।
बता दें कि कुख्यात अपराधी और नौचंदी थाने के हिस्ट्रीशीटर अमित चौधरी उर्फ अमित मिरिंडा इस समय बेंगलुरु जेल में है। गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई के नाम पर एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने और कारोबारी के अपहरण की धमकी देने के मामले में कर्नाटक हाईकोर्ट ने उसकी जमानत याचिका भी खारिज कर दी है।
यह मामला पिछले साल 8 जुलाई का है, जब बेंगलुरु के एक कारोबारी के पिता को व्हाट्सएप कॉल कर एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी गई थी। कॉल करने वाले ने खुद को लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ा बताया और रकम नहीं देने पर कारोबारी के अपहरण की धमकी दी थी। जांच के बाद आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था।
अमित मिरिंडा के खिलाफ यूपी, उत्तराखंड, दिल्ली, हरियाणा, पंजाब और कर्नाटक में 30 से अधिक मुकदमे दर्ज हैं। इन मामलों में हत्या, रंगदारी, अपहरण, अवैध हथियारों की तस्करी, गैंगस्टर एक्ट, हनी ट्रैप, सामूहिक दुष्कर्म, पुलिस मुठभेड़, वाहन चोरी और लूट जैसी गंभीर धाराएं शामिल हैं। वह मेरठ के नौचंदी थाने का हिस्ट्रीशीटर बदमाश है और मेडिकल थाना क्षेत्र में सक्रिय डी-155 गैंग का सरगना भी बताया जाता है।
हाईकोर्ट ने अपने आदेश में स्पष्ट किया कि चार्जशीट में मौजूद साक्ष्य, आरोपों की प्रकृति और अपराध की गंभीरता को देखते हुए आरोपी को फिलहाल कोई राहत नहीं दी जा सकती। इसी के साथ अदालत ने अमित चौधरी उर्फ मिरिंडा की जमानत याचिका खारिज कर दी, जिससे उसे जेल में ही रहना होगा।