– सोना 11 हजार और चांदी 22 हजार रुपये मंहगी।
नई दिल्ली। सोना-चांदी की कीमतों में बड़ा बदलाव आया है। मोदी सरकार के एक फैसले से इन कीमती धातुओं के दाम में आग लग गई है। बुधवार को मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज पर गोल्ड रेट में अचानक 11,000 रुपये प्रति 10 ग्राम से ज्यादा का उछाल आया, तो वहीं दूसरी ओर चांदी की कीमत भी खुलने के साथ ही रॉकेट की रफ्तार से भागते हुए 3 लाख रुपये के पार निकल गई।

मोदी सरकार के सोना-चांदी को लेकर लिए गए एक फैसले के बाद ये धुआंधार तेजी देखने को मिली है। दरअसल, सरकार ने सोना-चांदी समेत अन्य कीमती धातुओं पर इंपोर्ट ड्यूटी या कस्टम ड्यूटी में बड़ा इजाफा किया है। गोल्ड इंपोर्ट डयूटी हाइक का ऐलान करते हुए इसे अब तक लागू 6 फीसदी से सीधा बढ़ाकर 15 फीसदी कर दिया गया है।
सरकार के गोल्ड इंपोर्ट ड्यूटी हाइक के फैसले का सीधा असर कमोडिटी मार्केट में देखने को मिला है। एमसीएक्स पर सोने की कीमतों के बारे में बात करें, तो 5 जून की एक्सपायरी वाला दस ग्राम 24 कैरेट गोल्ड बीते कारोबारी दिन मंगलवार को 1,53,442 रुपये पर बंद हुआ था। वहीं बुधवार को जैसे ही वायदा कारोबार की शुरूआत हुई। ये कीमती पीली धातु एक झटके में उछलकर 1,64,497 रुपये प्रति 10 ग्राम के लेवल पर जा जा पहुंची। इसमें करीब 7 फीसदी की तेजी आई और इस हिसाब से कैलकुलेशन करें, तो 10 ग्राम सोना 11,055 रुपये महंगा हो गया।
बात चांदी की दर की करें, तो ये भी सोने के कदम से कदम मिलाकर चलती हुई नजर आ रही है। एमसीएक्स पर 3 जुलाई की एक्सपायरी वाली चांदी का भाव एक बार फिर से 3 लाख रुपये के पार पहुंच गया है। सिल्वर बीते कारोबारी दिन 2,79,062 रुपये प्रति किलोग्राम के लेवल पर क्लोज हुई थी।
वहीं, बुधवार को इसने भी ओपनिंग के साथ ऐसी छलांग लगाई कि एक किलो चांदी की कीमत 3,01,429 रुपये पर जा पहुंची। इस हिसाब से देखें, तो एक झटके में चांदी की कीमत 22,367 रुपये बढ़ गई। मोदी सरकार ने गोल्ड समेत अन्य कीमती धातुओं को लेकर बड़ा फैसला ले लिया है और इस पर लगने वाली इंपोर्ट ड्यूटी में तगड़ा इजाफा कर दिया है। गोल्ड कस्टम डयूटी को 6% से सीधे 15% कर दिया गया है। यानी अब विदेश से सोना मंगाना महंगा हो गया है।
सोने पर लागू बेसिक कस्टम ड्यूटी 5 से बढ़ाकर 10% और एग्रीकच्लर इंफ्रा एंड डेवलपमेंट सेश 1% से 5% की गई है। बता दें कि 2024 के बजट के दौरान सरकार ने जितनी गोल्ड इंपोर्ट डयूटी कट की थी, उसे बढ़ाकर अब फिर से उतना ही कर दिया है।


