– पांच मिनट तक तड़पता रहा, अवर अभियंता सस्पेंड।
गोरखपुर। निर्माणाधीन नाले में गिरने से 55 साल के एक मजदूर हंसराज की मौत हो गई। नाले में लगा खुला सरिया उसके पेट के आर- पार हो गया। जिसके बाद वह करीब 5 मिनट तक तड़पता रहा। आसपास के लोग तत्काल उसे बाहर निकाल कर हॉस्पिटल लेकर गए। जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। इस पूरी घटना का वीडियो सीसीटीवी में कैद हो गया। बताया जा रहा है कि व्यक्ति देवरिया का रहने वाला था और पादरी बाजार के लक्ष्मीपुर चौराहे स्थित एक डेयरी में काम करता था।

देर शाम को सब्जी लेने के लिए बाहर निकला कि तभी नाले को क्रॉस करते वक्त यह घटना हुई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वहीं जेई को निलंबित कर दिया गया है। डीएम ने जांच के लिए कमिटी गठित की है।
देवरिया जिले के रामपुर कारखाना के गौरा गांव के रहने वाले 55 साल के हंसराज यादव गोरखपुर के पादरी बाजार स्थित लक्ष्मीपुर चौराहे पर चौरसिया डेयरी में पिछले चार साल से काम करते थे। वहीं रहते थे भी थे। बताया जा रहा है कि हर रोज की तरह मंगलवार को भी दिन भर में डेयरी का काम खत्म किया। उसके बाद रात में सब्जी लेने के लिए डेयरी से निकल कर चौराहे तक गए।
उसके बाद ब्यासनगर कॉलोनी जाने वाले रास्ते की तरफ से निमार्णाधीन नाले को क्रॉस कर रहे कि अचानक नीचे गिर गए और सरिया उनके पेट में धंस गया। गिरते देख आसपास के लोग जुट गए और करीब 5 मिनट बाद वहां से निकालकर बाहर निकाला।
लोगों ने तुरंत इसकी सूचना पुलिस को दी। जानकारी मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने जिला अस्पताल भिजवाया लेकिन वहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। उसके बाद शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में नाला निर्माण कार्य चल रहा है। फिर भी उस जगह पर किसी भी तरह की बेरिकेटिंग नहीं की गई थी। खतरा आंखों के सामने था। फिर भी जिम्मेदारों ने नजरअंदाज किया। यह साफ-साफ बड़ी लापरवाही का नतीजा है।
इस मामले में गोरखनाथ सीओ रवि सिंह ने बताया कि मजदूर के नाले में गिरने की सूचना के बाद टीम पहुंची और अस्पताल ले जाया गया, वहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवा दिया गया है। परिवार को सूचना दे दी गई है।
डीएम ने गठित की जांच कमिटी
वहीं डीएम दीपक मीणा ने बताया कि इस घटना की जांच करायी जा रही है, प्रथम दृष्टया दोषी पाए जाने के कारण संबंधित ठेकेदार फर्म सीएसआईएल के खिलाफ एफआईआर दर्ज करायी गयी है। साथ ही मुख्य अभियन्ता लोक निर्माण विभाग ने संबंधित जेई डी०के० सिंह के निलम्बन और असिस्टेंट इंजीनियर रंजन सिंह के खिलाफ विभागीय कार्यवाही के आदेश दिए हैं। इसके अलावा प्रभारी अधिशासी अभियन्ता ध्रुव अग्रवाल से स्पष्टीकरण मांगा गया है।
डीएम का कहना है कि मृतक के परिजनों को हर संभव शासकीय सहायता उपलब्ध करायी जा रही है। एडीएम सिटी अंजनी कुमार सिंह के नेतृत्व में एक कमेटी गठित की गई है जो मामले की जांच करेगी। इसमें पीडब्ल्यूडी के अधिक्षण अभियंता भी हैं।

