Homeउत्तर प्रदेशSaharanpurपीएम मोदी 14 अप्रैल को करेंगे दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे का लोकार्पण

पीएम मोदी 14 अप्रैल को करेंगे दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे का लोकार्पण

-

– सुरक्षा में चार हजार जवान तैनात होंगे, सहारनपुर में है एक्सप्रेस-वे का 74 किलोमीटर हिस्सा।

सहारनपुर। दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे के प्रस्तावित लोकार्पण कार्यक्रम को लेकर जिला प्रशासन और पुलिस पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गए हैं। 14 अप्रैल को कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शामिल होंगे। वीवीआईपी मूवमेंट को देखते हुए सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम किए जा रहे हैं। अक्षरधाम (दिल्ली) से देहरादून तक 210 किलोमीटर लंबे इस एक्सप्रेस-वे का अधिकांश हिस्सा चालू हो चुका है। सहारनपुर में एक्सप्रेस-वे का लगभग 74 किलोमीटर हिस्सा आता है।

 

 

कार्यक्रम की सुरक्षा के लिए पुलिस, पीएसी और पैरामिलिट्री फोर्स के करीब 4 हजार जवान तैनात किए जाएंगे। यह फोर्स कार्यक्रम से एक दिन पहले ही जिले में पहुंच जाएगी। सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे इलाके में डेरा डाल दिया है और संवेदनशील स्थानों की निगरानी शुरू कर दी गई है।

इतनी बड़ी संख्या में आने वाले जवानों के ठहरने की जिम्मेदारी स्थानीय थाना पुलिस को सौंपी गई है। इसके तहत बिहारीगढ़, गागलहेड़ी, कोतवाली मंडी, शहर और देहात क्षेत्रों में स्कूलों, धर्मशालाओं, बैंक्वेट हॉल और अन्य भवनों को चिन्हित किया जा रहा है। इन स्थानों पर कमरों की संख्या, शौचालय, पेयजल और अन्य सुविधाओं का आकलन किया जा रहा है ताकि जवानों को किसी तरह की परेशानी न हो।

गणेशपुर क्षेत्र में एक्सप्रेसवे के दोनों ओर बड़े मैदानों को तैयार किया जा रहा है। यहां तीन-तीन हेलीपैड बनाए जा रहे हैं। हेलीपैड से डाट काली मंदिर तक करीब 12 किलोमीटर के पूरे मार्ग और जनसभा स्थल पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात रहेगा।

हेलीपैड हाईवे से लगभग 500 मीटर दूर बनाए जा रहे हैं, जहां तक पहुंचने के लिए नई सड़क का निर्माण तेजी से चल रहा है। सुरक्षा कारणों से आसपास के पेड़ों की कटाई भी की जा रही है।

जिले में एक्सप्रेसवे का लगभग 74 किलोमीटर हिस्सा आता है। बड़गांव इंटरचेंज, जैनपुर टोल प्लाजा, लतीफपुर और हलगोया में बिजली कनेक्शन देने का काम तेजी से चल रहा है। ऊर्जा निगम के देवबंद और रामपुर मनिहारान डिवीजन इस काम को पूरा कर रहे हैं। इसके लिए एनएचएआई पहले ही बजट जारी कर चुका है।

मनोहरपुर और टांडा मानसिंह के पास रेस्ट एरिया के लिए जमीन अधिग्रहित की जा चुकी है और सर्विस रोड बन चुकी है, लेकिन निर्माण कार्य अभी शुरू नहीं हुआ है। भविष्य में यहां होटल, रेस्टोरेंट, पेट्रोल पंप, मेडिकल सुविधा और विश्रामगृह जैसी सुविधाएं विकसित की जाएंगी।

एक्सप्रेसवे का अधिकांश हिस्सा चालू हो चुका है और वाहन 100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ रहे हैं। इसके बावजूद कई स्थानों पर अवैध कट खुले हुए हैं, जो दुर्घटनाओं का कारण बन रहे हैं। लाखनौर, हसनपुर भलस्वा, गागलहेड़ी बाईपास, रसूलपुर और अमानतगढ़ क्षेत्रों में ढाबों और गांवों से सीधे एंट्री हो रही है।
अक्षरधाम (दिल्ली) से देहरादून तक 210 किलोमीटर लंबे इस एक्सप्रेसवे का अधिकांश हिस्सा चालू हो चुका है। बड़गांव क्षेत्र में फिलहाल एक साइड से ट्रैफिक चल रहा है, जिसे लोकार्पण से पहले दोनों ओर से शुरू करने की तैयारी है।

दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे उत्तर भारत में सड़क नेटवर्क को नई दिशा देने वाला प्रोजेक्ट माना जा रहा है। यह एक्सप्रेसवे दो अन्य एक्सप्रेसवे, पांच नेशनल हाईवे और कई स्टेट हाईवे से जुड़ रहा है।

यह परियोजना अक्षरधाम से देहरादून तक 210 किलोमीटर लंबी है और ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे व दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे के जरिए बड़े शहरों को जोड़ती है। इससे गुरुग्राम, नोएडा, गाजियाबाद, पानीपत, चंडीगढ़, आगरा और मथुरा तक की कनेक्टिविटी मजबूत होगी।

इस एक्सप्रेसवे के चालू होने से हरिद्वार, ऋषिकेश, मसूरी और देहरादून जैसे पर्यटन स्थलों तक पहुंच आसान होगी। सहारनपुर, शामली और मुजफ्फरनगर के किसान अपनी उपज कम समय में दिल्ली पहुंचा सकेंगे। इससे न सिर्फ समय और ईंधन की बचत होगी बल्कि आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा।

 

Related articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

4,000,000FansLike
100,000SubscribersSubscribe

Latest posts