तीन बीघा जमीन के पैसे लेकर बैनामा नहीं किया, वापस मांगने पर दी धमकी
सहारनपुर। बेहट क्षेत्र में कृषि भूमि बेचने के नाम पर 6.50 लाख रुपये की कथित ठगी का मामला सामने आया है। आरोप है कि जमीन का बैनामा नहीं किया गया और रुपये वापस मांगने पर मारपीट कर झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी दी गई। एसीजेएम प्रथम न्यायालय के आदेश पर रविवार देर रात करीब 11 बजे बेहट थाने में मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
शाहपुर निवासी लता चौहान ने कोर्ट में दिए प्रार्थना पत्र में बताया कि कालूवाला पहाड़ीपुर निवासी मीदन पत्नी कासिम ने मौजा इंदरपुर तालड़ा स्थित अपनी करीब 0.205 हेक्टेयर (लगभग तीन बीघा) कृषि भूमि का सौदा 25.50 लाख रुपये में किया था। दोनों पक्षों के बीच इकरारनामा हुआ था, जिसके अनुसार 15 अप्रैल 2026 तक बैनामा होना तय था।
पीड़िता के मुताबिक, उन्होंने अलग-अलग तिथियों में 5 लाख रुपये बतौर बयाना दिए। इसके बाद यूकेलिप्टस के पेड़ों के नाम पर 1 लाख रुपये और बैनामा की प्रक्रिया आगे बढ़ाने के लिए 50 हजार रुपये अतिरिक्त दिए। इस तरह आरोपी को कुल 6.50 लाख रुपये दिए गए।
आरोप है कि तय समय पर बैनामा कराने की बात कहने पर आरोपी महिला ने जमीन को लेकर अपने पिता अख्तर के साथ विवाद का हवाला देकर समय टालना शुरू कर दिया। बाद में पीड़िता को पता चला कि इसी जमीन के नाम पर आरोपी पहले भी अन्य लोगों से बयाना ले चुकी है और भूमि पहले से विवादित है।
लता चौहान का आरोप है कि जब उन्होंने अपने पति के साथ रुपये वापस करने या बैनामा कराने की मांग की तो आरोपी ने इनकार कर दिया। आरोप के अनुसार, 5 जून 2026 को आरोपी ने उन्हें बेहट तहसील बुलाया, जहां पेट्रोल पंप के पास दो अज्ञात लोगों के साथ पहुंचकर गाली-गलौज की और उनके पति के साथ मारपीट कराई।
पीड़िता का यह भी आरोप है कि जाते समय आरोपी ने न तो बैनामा करने और न ही रुपये लौटाने की बात कही, बल्कि झूठे दुष्कर्म के मुकदमे में फंसाने की धमकी दी।
पुलिस ने कोर्ट के आदेश पर दर्ज किया मुकदमापीड़िता ने बताया कि घटना के बाद बेहट थाने में शिकायत की गई और 8 जून 2026 को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को भी स्पीड पोस्ट से प्रार्थना पत्र भेजा, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया। एसीजेएम प्रथम न्यायालय के आदेश पर बेहट थाना पुलिस ने आरोपी महिला और अन्य के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और विवेचना में सामने आने वाले साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।