गंगनहर की सफाई के चलते 20 अक्तूबर से सात नवंबर तक नलकूपों के माध्यम से होगी जलापूर्ति
शारदा रिपोर्टर मेरठ। शहर को गंगाजल की सप्लाई करने वाली गंगनहर 20 अक्तूबर दशहरे से 18 दिन के लिए बंद रहेगी। ऐसे में त्योहारों पर टाउन हॉल, विकासपुरी, सर्किट हाउस, हापुड़ रोड आदि के लोगों के सामने पानी का संकट गहरा सकता है।
दीपावली के त्योहार से ठीक पहले शहर की पेयजल व्यवस्था पर बड़ा संकट मंडराने लगा है। गंगनहर की वार्षिक सफाई और मरम्मत कार्य के कारण भोले की झाल से होने वाली गंगाजल की आपूर्ति 20 अक्तूबर की मध्यरात्रि से 7 नवंबर की मध्यरात्रि तक बंद रहेगी।
सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग द्वारा विभागीय अफसरों को भेजी गई लिखित सूचना के अनुसार, यह आपूर्ति करीब 18 दिन तक पूरी तरह ठप रहेगी। इस फैसले से शहर की करीब 5 लाख की आबादी प्रभावित होगी, जिसे देखते हुए नगर निगम ने पानी की वैकल्पिक व्यवस्था करनी शुरू कर दी है।
गंगाजल की आपूर्ति बंद रहने की अवधि इस बार प्रमुख त्योहारों (दिवाली) के आसपास पड़ रही है। दिवाली के दौरान घरों की साफ-सफाई और अन्य कामों के लिए पानी की मांग काफी बढ़ जाती है। ऐसे में जिन इलाकों की निर्भरता पूरी तरह गंगाजल पर है, वहां पेयजल का संकट गहरा सकता है।
त्योहार पर जनता को किल्लत से बचाने के लिए नगर निगम प्रशासन के सामने सुचारू जलापूर्ति बनाए रखने की बड़ी चुनौती होगी। इस संकट से निपटने के लिए नगर निगम के सहायक अभियंता जल दुष्यंत शर्मा ने बताया कि जिले के सभी नलकूपों, अवर जलाशयों (पानी की टंकियों) और ट्यूबवेलों को दुरुस्त कराया जा रहा है, ताकि वे पूरी क्षमता से काम कर सकें।
उन्होंने बताया कि जिन क्षेत्रों में पानी की लाइन या अन्य वैकल्पिक व्यवस्था नहीं है, वहां पर टैंकरों के माध्यम से पानी पहुंचाया जाएगा। सभी संबंधित कर्मचारियों को मुस्तैद रहकर बैकअप व्यवस्था मजबूत रखने के सख्त निर्देश दिए गए हैं।
वर्जन….
गंगनहर से गंगाजल की आपूर्ति 20 अक्तूबर से बंद हो जाएगी। टाउन हॉल, विकासपुरी, सर्किट हाउस और हापुड़ रोड पर गंगाजल की सप्लाई सीधे पहुंचती है। जहां-जहां पर गंगाजल पहुंचता है, वहां पर अस्थायी इंतजाम करने की तैयारी चल रही है। ताकि आम जनता को पेयजल का संकट न हो सकें।