- किसान दिवस पर पंचायत का आयोजन, रखी गई शिकायतें और समस्याएं।
शारदा रिपोर्टर मेरठ। किसान दिवस के अवसर पर एक किसान पंचायत का आयोजन विकास भवन के सभागार में आयोजन किया गया। इसी क्रम में जिले भर से सभी किसान संगठनों के लोग अपनी क्षेत्रीय समस्याओं को लेकर अधिकारियों के समक्ष पहुंचे।
इस दौरान किसानों ने अधिकारियों को बताया कि अब्दुल्लापुर क्षेत्र के एक किसान की मौत होने पर एमडीए द्वारा 6 लाख रुपए और मृतक की पत्नी को नगर निगम में संविदा पर नौकरी दी जानी थी जो अब तक पूरा नहीं हुआ है।
इसके साथ ही किसानों ने गन्ने का मूल्य 450 रुपए प्रति क्विंटल करने की मांग की। किसानों ने कहा कि भाजपा द्वारा आश्वाशन दिया गया था कि गन्ने का भुगतान 14 दिन में होगा।
वहीं किनौनी चीनी मिल का भुगतान अभी बाकी है। वहीं एनएचएआई द्वारा किसानों की चकरोड पर कब्जा कर लिया गया। जिस से उन्हें अपने खेत में जाने में परेशानी होती है।
किसानों ने कहा कि तहसीलों में दाखिल खारिज करने में लेखपालों द्वारा रिश्वत ली जाती है , जिसमें सरकार का नियम है कि एक निर्धारित समय में दाखिल खारिज खुद होगा। वहीं एमडीए द्वारा किसानों की भूमि को कब्जाया जा रहा है। जिसमें की यहां अभी शहर की कॉलोनी का रख रखाव भी सही से नहीं हो रहा है।
किसानों ने पंचायत में अधिकारियों से किसानों को यूरिया न मिलने और यदि मिलता है तो उसके साथ अन्य दवाएं लेने का दबाव बनाने की बात कही।
वहीं किसानों ने एक बार फिर से ट्यूबवेल पर बिजली फ्री होने की मांग भी पंचायत में उठाई। इसके साथ ही स्मार्ट मीटर पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि क्या पहले मीटर खराब थे? वहीं इससे किसानों को क्या लाभ होगा, यह भी बताने को कहा।


