गौरतलब है कि दो साध्वियों के रेप और पत्रकार छत्रपति हत्या मामले में गुरमीत राम रहीम 2017 से रोहतक की सुनारिया जेल में बंद है।
गुरमीत राम रहीम को अगस्त 2025 में भी 40 दिन की पैरोल मिली थी। ये 14वां मौका था, जब उसे पैरोल मिली थी। इससे पहले गुरमीत राम रहीम 9 अप्रैल को 21 दिन की फरलो पर जेल से बाहर आया था और सिरसा डेरे में पहुंचा था।
राम रहीम को मिल रही बार-बार पैरोल और फरलो को लेकर अब जनता के बीच चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। लोगों का कहना है कि आखिर राम रहीम पर इतनी मेहरबानी क्यों की जा रही है जबकि वह रेप और हत्या के मामले में जेल में हैं? हालांकि ये स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इस बार राम रहीम को 40 दिन की पैरोल क्यों दी गई है।