नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट में आवारा कुत्तों के मामले में शुक्रवार को लगातार तीसरे दिन सुनवाई हो रही है। एनीमल राइट्स की तरफ से पेश वकील शादान फरासत ने कहा- यह कुत्तों बनाम इंसानों का मामला नहीं है। यह ऐसा मामला है जहां राज्य अपनी जिम्मेदारी निभाने में फेल हो गया है। वे अब एक-दूसरे को बलि का बकरा बना रहे हैं। जबकि इंसानों और जानवरों दोनों की सुरक्षा होनी चाहिए।



