शारदा रिपोर्टर मेरठ। जगह-जगह पान, परचून और बीड़ी की दुकानों पर ‘अंसारी बीड़ी’ के नाम से बीड़ी बेचे जाने को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। इस नाम से न केवल बीड़ी बेची जा रही है बल्कि कई इलाकों में पोस्टर भी लगाए गए हैं। आरोप है कि इस नाम के जरिए अंसारी समाज की छवि को जानबूझकर खराब किया जा रहा है।

जानकारी के अनुसार, यह बीड़ी शारिक अंसारी पुत्र इस्लाम, निवासी 37 स्टेट बैंक कॉलोनी, हापुड़ रोड, थाना लिसाड़ी गेट, मेरठ तथा दूसरा पता टांडा स्टैंड के सामने, चमन बीड़ी फैक्ट्री, पुराना हापुड़ अड्डा, थाना सिविल लाइन, मेरठ द्वारा तैयार करवाई जा रही है। यह बीड़ी पूरे शहर और आसपास के क्षेत्रों में सप्लाई की जा रही है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि ‘अंसारी बीड़ी’ के नाम से बिक्री होने के कारण हर मोहल्ले में अंसारी बिरादरी की सामाजिक प्रतिष्ठा प्रभावित हो रही है। कई स्थानों पर अंसारी समाज के लोगों और अन्य बिरादरियों के बीच कहासुनी और मारपीट की घटनाएं भी सामने आ चुकी हैं, जिससे शहर का माहौल तनावपूर्ण हो रहा है।
आरोप है कि सैयद शारिक अंसारी मेरठ में रहकर अंसारी बिरादरी से रंजिश रखता है और उसने समाज को बदनाम करने की नीयत से जानबूझकर ‘अंसारी बीड़ी’ के नाम से कारोबार शुरू कराया है। इसे समाज की छवि धूमिल करने की साजिश बताया जा रहा है।
इस पूरे मामले को लेकर एसएसपी मेरठ, डीआईजी मेरठ रेंज और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को भी शिकायती पत्र सौंपा गया है। शिकायत में अवैध रूप से ‘अंसारी बीड़ी’ के नाम से चल रहे कारोबार पर रोक लगाने और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है।
रिजवान अंसारी ने प्रशासन से मांग की है कि समाज की प्रतिष्ठा से खिलवाड़ करने वालों पर तत्काल कार्रवाई की जाए, ताकि शहर में शांति और सौहार्द बना रहे।


