कानपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के सरसंघचालक डा. मोहन भागवत गुरुवार को करीब 11 घंटे के प्रवास पर शहर में रहे। इस दौरान उन्होंने संघ के पूर्व क्षेत्र संघचालक रहे वीरेंद्रजीत सिंह की पौत्री एवं वरिष्ठ समाजसेविका तथा चार्टर्ड अकाउंटेंट नीतू सिंह की पुत्री के वैवाहिक आशीर्वाद समारोह में शामिल होकर नवदंपती को आशीर्वाद दिया।
कार्यक्रम में संघ, भाजपा और सामाजिक क्षेत्र की अनेक प्रमुख लोग मौजूद रहे।सरसंघचालक सुबह करीब पांच बजे डिब्रूगढ़-नई दिल्ली राजधानी एक्सप्रेस से कानपुर सेंट्रल स्टेशन पहुंचे। जेड-प्लस सुरक्षा व्यवस्था के बीच स्थानीय पुलिस, प्रशासन, जीआरपी और आरपीएफ के अधिकारियों की मौजूदगी में उन्हें प्लेटफार्म नंबर दो से ई-कार्ट के जरिए स्टेशन परिसर से बाहर लाया गया। स्टेशन से वह सीधे बैरिस्टर वीरेंद्रजीत सिंह के आवास पहुंचे, जहां करीब आठ घंटे तक रुके। इस दौरान उन्होंने आवास पर ही संघ के पदाधिकारियों से अनौपचारिक चर्चा भी की। दोपहर करीब ढाई बजे सरसंघचालक नवाबगंज स्थित समारोह स्थल आर्या होटल पहुंचे। यहां उन्होंने करीब दो घंटे तक रुके। इस दौरान उनसे संघ और उसके अनुषांगिक संगठनों के पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों तथा विभिन्न क्षेत्रों की प्रमुख लोगों से मुलाकात की। कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना, कृषि मंत्री सूर्य प्रताप शाही, एमएसएमई मंत्री भूपेन्द्र सिंह चौधरी तथा वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना ने सरसंघचालक से अलग-अलग मुलाकात कर उनका अभिवादन किया।
प्रत्येक मुलाकात करीब 15 से 20 मिनट तक चली। समारोह में खादी एवं ग्रामोद्योग मंत्री राकेश सचान, परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह, सांसद देवेन्द्र सिंह भोले सहित भाजपा के कई पदाधिकारी, विधायक और संघ परिवार से प्रांत प्रचार श्रीराम, प्रांत संघ चालक भवानी भीख के साथ ही अन्य वरिष्ठ पदाधिकारी कार्यकर्ता भी शामिल हुए।
सरसंघचालक के दौरे को देखते हुए सुबह से ही सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर रहीं। कार्यक्रम संपन्न होने के बाद वह शाम को पुन: कानपुर सेंट्रल स्टेशन पहुंचे और ट्रेन से नई दिल्ली के लिए रवाना हो गए। उनके प्रवास के दौरान स्टेशन से कार्यक्रम स्थल तक सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे।