– होर्मुज के रास्ते गुजरात के वादीनार पोर्ट पहुंचा।
नई दिल्ली : होर्मुज जलडमरूमध्य एक अहम समुद्री मार्ग है, जिसे पिछले महीने शुरू हुए अमेरिका-इजरायल युद्ध के बीच ईरान ने बंद कर दिया है। लेकिन उसने भारतीय जहाजों को वहां से सुरक्षित गुजरने की परमिशन दी थी। जिसके बाद गैस टैंकरों से भरे जहाज भारत पहुंचे हैं।

कतर से LPG लेकर होर्मुज के रास्ते रवाना हुआ भारतीय जहाज नंदा देवी मंगलवार को गुजरात के जामनगर के पास वादीनार बंदरगाह के पास पहुंच चुका है। यह जहाज 46,000 मीट्रिक टन एलपीजी गैस लेकर भारत पहुंचा है। दो दिनों में एलपीजी गैस लेकर दो जहाज होर्मुज के रास्ते भारत पहुंचे हैं। एक दिन पहले ‘शिवालिक’ जहाज लगभग 45-46 हजार टन एलपीजी लेकर मुंद्रा बंदरगाह पहुंचा था।
जहाज के सुरक्षित पहुंचने से संवेदनशील समुद्री मार्ग से ईंधन की ढुलाई को लेकर बनी चिंताओं के बीच राहत मिलने की उम्मीद है। इससे पहले, बंदरगाह, जहाजरानी और जलमार्ग मंत्रालय के विशेष सचिव राजेश कुमार सिन्हा ने अंतर-मंत्रालयी ब्रीफिंग के दौरान बताया था कि होर्मुज जलडमरूमध्य को पार करने के बाद टैंकर सफलतापूर्वक खुले समुद्र में प्रवेश कर गया है।
उन्होंने बताया था कि दो भारतीय LPG जहाज, शिवालिक और नंदा देवी, लगभग 92,700 मीट्रिक टन एलपीजी भारत ला रहे हैं। ये दोनों जहाज सरकारी स्वामित्व वाली शिपिंग कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया के हैं। सिन्हा ने यह भी कहा था कि फारस की खाड़ी क्षेत्र में कार्यरत सभी भारतीय नाविक सुरक्षित हैं और उनसे जुड़ी किसी भी अप्रिय घटना की कोई रिपोर्ट नहीं मिली है।
वैश्विक तेल की कीमतों में 40 से 50 प्रतिशत की वृद्धि
बता दें कि होर्मुज जलडमरूमध्य एक अहम समुद्री मार्ग है, जिसे पिछले महीने शुरू हुए अमेरिका-इजरायल युद्ध के बीच ईरान ने बंद कर दिया है। ईरान द्वारा होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों पर जवाबी हमले और खाड़ी में मिसाइल और ड्रोन हमलों की वजह से वैश्विक तेल की कीमतों में 40 से 50 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।


