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आईटीआई टॉपर्स को सम्मानित कर पीएम बोले…

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  • आज का भारत कौशल को देता है प्राथमिकता, आईटीआई टॉपर्स को सम्मानित कर पीएम बोले।

एजेंसी, नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आईटीआई के टॉपर्स को सम्मानित किया। पीएम ने कौशल दीक्षांत समारोह 2025 के दौरान 62,000 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न युवा-केंद्रित पहलों का भी अनावरण किया। कार्यक्रम के दौरान पटना से वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के जरिए बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार भी जुड़े।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री कहा कुछ वर्ष पहले हमारी सरकार ने आईटीआई छात्रों के लिए व्यापक स्तर पर दीक्षांत समारोह आयोजित करने की नई परंपरा शुरू की थी। आज इसी परंपरा की एक और कड़ी के साक्षी हम सभी बन रहे हैं। मैं भारत के कोने-कोने से हमारे साथ जुड़ने वाले सभी युवा कळक छात्रों को अपनी शुभकामनाएं देता हूं। यह समारोह इस बात का प्रतीक है कि आज का भारत कौशल को कितनी प्राथमिकता देता है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा इस कार्यक्रम के माध्यम से बिहार के हजारों युवा हमसे जुड़े हैं। इस पीढ़ी को शायद अंदाजा नहीं होगा कि ढाई दशक पहले बिहार की शिक्षा व्यवस्था कितनी जर्जर थी। न ईमानदारी से स्कूल खुलते थे, न ही भर्तियां होती थीं। कौन सा माता-पिता नहीं चाहेगा कि उसका बच्चा यहां पढ़े और आगे बढ़े? लेकिन मजबूरी में लाखों बच्चे बिहार छोड़कर वाराणसी, दिल्ली और मुंबई जाने को मजबूर हुए। यहीं से पलायन की असली शुरूआत हुई। सौभाग्य से बिहार की जनता ने नीतीश कुमार को सरकार की जिÞम्मेदारी सौंपी, और हम सब गवाह हैं कि कैसे पूरी टीम ने मिलकर बिगड़ी हुई व्यवस्था को पटरी पर लाया। मुझे खुशी है कि आज के कौशल दीक्षांत समारोह में बिहार को एक नया कौशल विश्वविद्यालय मिला है। नीतीश कुमार की सरकार ने इस विश्वविद्यालय का नाम भारत रत्न कपूर्री ठाकुर के नाम पर रखा है।

केन्द्रीय कौशल विकास व उद्यमिता राज्य मंत्री जयंत चौधरी ने कहा आज एक ऐतिहासिक पल है। 11 साल पहले प्रधानमंत्री मोदी ने एक पहल की थी। कौशल विकास और उद्यमिता क्षेत्र के महत्व को समझते हुए एक नए विभाग का गठन किया था। उस काम के पीछे जो उनकी सोच और प्रयास था, आज उसी विकास यात्रा में हम सभी साथ मिलकर एक मील का पत्थर मनाने वाले हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा था कि हमें हमारे आईटीआई में पढ़ने वाले बच्चों के सम्मान के लिए पहल करनी है।

 

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