शारदा रिपार्टर मेरठ। निजी फिटनेस सेन्टरों में हो रही धांधली के विरोध में बुधवार को उत्तर प्रदेश उधोग व्यापार मंडल के दर्जनों सदस्यों ने कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को संबोधित ज्ञापन डीएम कार्यालय में सौंपते हुए बताया कि, चिन्ता का विषय वर्तमान में है। हम आपको एक महत्वपूर्ण समस्या को बताना चाहते है, जो परिवहन व्यवस्था एवं हॉल में द्वारा यह निर्देश जारी कर दिये गये है।

उन्होंने कहा कि, पारदर्शिता प्रतिस्पर्धा और सेवा में सुधार आने की सम्भावना है। किन्तु वर्तमान में अधिकांश जिलों में केवल एक प्रदेश के प्रत्येक जिले में तीन-तीन फिटनेस सेन्टर खोले जायेंगे। कि फिटनेस सेन्टर संचालित हो रहे है। क्योंकि, वाहन स्वामियों को अनेक समस्याओं का सामना करना पड़ा है। लेकिन एकमात्र फिटनेस सेन्टर होने से वाहन स्वामियों से अनावश्यक शुल्क की मांग की जा रही है। जो कि भ्रष्टाचार को कही न कही बढ़ावा देता है। उन्होंने कहा कि, सरकार द्वारा परिवहन विभाग में फिटनेस को लेकर प्राइवेट संस्था के हाथों में देने जा रही है।
उन्होंने कहा कि, कुछ जिलों में प्राईवेट संस्था द्वारा फिटनेस की जा रही है जोकि ट्रक वालों से अपने मनमर्जी से पैसे वसूल रहे हैं और उनका उत्पीड़न कर रहे है। इसलिए सभी व्यापारी सरकार से निवेदन करते है कि प्राईवेट फिटनेस सेन्टर के क्रियाशील होने के साथ सरकारी फिटनेस सेन्टरों को बन्द न किया जाये। सभी सेन्टरों की नियमित निगरानी की जाये और एक हेल्प लाईन नम्बर या पोर्टल प्रारम्भ किया जाये।
जहां वाहन स्वामी अपनी शिकायत दर्ज करा सके। प्रत्येक जिले में एक स्थायी निरीक्षण समिति गठित की जाये, जिसमें जिला प्रशासन, परिवहन विभाग तथा स्थानीय व्यापारियों से सम्बन्धित दो व्यक्तियों को शामिल किया जाये। इस प्रकार से न केवल पारदर्शिता रहेगी। बल्कि, वाहन मालिकों को राह मिलेगी और भ्रष्टाचार पर भी नियन्त्रण होगा।


