चार महीने बाद घर पर मिलने आया था, रिंच मारकर सिर फोड़ा, लाश के पास बैठा रहा
लखनऊ। गुरुवार रात कपड़ा कारोबारी के 17 साल के बेटे ने अपनी 42 साल की मां की हत्या कर दी। उसने रिंच मारकर सिर फोड़ दिया। इससे मां की तड़प-तड़पकर मौत हो गई।
आरोपी बेटा अपने मां-बाप की इकलौती संतान है। उसने अपना जेंडर भी बदलवा लिया था। वारदात के बाद उसने खुद पुलिस को कॉल कर कहा कि मैंने अपनी मां की हत्या कर दी है। इसके बाद वह मां की लाश के पास बैठा रहा। उस वक्त पिता दुकान पर थे।
शुरूआती जांच में सामने आया है कि बेटा मानसिक रुप से बीमार था। उसका इलाज चल रहा था। चार महीने पहले वह घर छोड़कर चला गया और किराए पर रहने लगा था। गुरुवार रात वह मां से मिलने आया था। एक घंटे बाद ही उसने विवाद में मां की जान ले ली। पुलिस ने उसे हिरासत में लिया है।
यह वारदात नाका थाना क्षेत्र के राजेंद्र नगर चौराहे के पास स्थित विजन अपार्टमेंट की है। यहां फ्लैट नंबर-202 में राकेश भागचंदानी और उनकी पत्नी गीता रहती थीं। चारबाग में राकेश की कपड़ों की शॉप है।
पिता राकेश ने बताया कि बेटा इंटरमीडिएट में पढ़ता है। उसे 5-6 साल से मानसिक बीमारी है। समय के साथ बीमारी बढ़ती चली गई। उसका कई अस्पतालों से इलाज चला। उन्होंने बताया कि बेटा चार महीने से राजेंद्र नगर में ही किराए पर कमरा लेकर अकेले रह रहा है। उसे मैं खर्चा-पानी दे रहा था। गुरुवार को उसने मुझे फोन किया। बोला- मुझको मां से मिलना है। इसके बाद वह घर आया और मां से किसी बात पर विवाद कर बैठा।
इसी बीच उसने रिंच से अपनी मां के सिर पर मार दिया। इसके बाद उसने खुद पुलिस को फोन करके बताया कि मैंने मां का मर्डर कर दिया है। आप लोग आ जाओ। इसके बाद पुलिस हमारे घर आ गई।
नाबालिग के पिता ने मीडिया से बातचीत में बेटे के जेंडर जेंज कराने के सवाल पर हामी भरी। बोले हां, उसने जेंडर चेंज कराया है। इसकी वजह पूछने पर कहा कि उसकी मेन बीमारी मानसिक समस्या थी, जिसकी वजह से उसने ऐसा किया।
थाना प्रभारी नाका विवेक चौधरी ने बताया, गुरुवार रात करीब 9 बजे नाबालिग बेटे ने मां की हत्या की सूचना दी। नाका पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची। घटना की जानकारी मिलते ही उच्चाधिकारियों ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस को नाबालिग बेटा शव के पास बैठा मिला। उसे पुलिस अभिरक्षा में लेकर पूछताछ की जा रही है।
पुलिस और फील्ड यूनिट की टीम ने घटनास्थल का गहन निरीक्षण किया। मौके से साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। पुलिस घटना में इस्तेमाल औजार और अन्य साक्ष्यों की भी जांच कर रही है। शव का पंचायतनामा भरकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा जा रहा है। घटना के पीछे विवाद की वजह क्या थी, इसकी जांच की जा रही है।