spot_imgspot_imgspot_imgspot_img
Monday, February 9, 2026
spot_imgspot_imgspot_imgspot_img
HomeEducation Newsएनएसडीसी ने की सीसीएसयू में भविष्य कौशल केंद्र की स्थापना

एनएसडीसी ने की सीसीएसयू में भविष्य कौशल केंद्र की स्थापना

-

युवाओं को एआई, मशीन लर्निंग आदि भाषाएं सीखने को मिलेंगी


शारदा रिपोर्टर मेरठ। नेशनल स्किल डेवलपमेंट कॉरपोरेशन चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय में एनएसडीसी अकादमी के तहत ‘भविष्य कौशल केंद्र’ की स्थापना कर रहा है। इस अत्याधुनिक केंद्र के माध्यम से युवाओं को कृत्रिम बुद्धिमत्ता,मशीन लर्निंग, इंटरनेट आफ थिंग्स और हेल्थकेयर/पैरामेडिकल और भाषाओं जैसे नए तकनीकी पाठ्यक्रमों में प्रशिक्षण दिया जाएगा।

इसके अतिरिक्त, स्पोर्ट्स फिजिकल एजुकेशन फिटनेस एंड लीजर स्किल्स काउंसिल भी सीएसआर योजनाओं के तहत एक निर्माण एवं प्रशिक्षण सुविधा स्थापित कर रहा है। शनिवार को कौशल विकास और उद्यमिता राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) एवं शिक्षा राज्य मंत्री श्री जयंत चौधरी की उपस्थिति में विश्वविद्यालय परिसर में दो समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर किए गए।

पहला समझौता ज्ञापन एनएसडीसी के सीईओ एवं एमडी वेद मणि तिवारी और कुलपति प्रो. संगीता शुक्ला के बीच हस्ताक्षरित हुआ, जिसका उद्देश्य मुख्यधारा की शिक्षा में कौशल विकास को एकीकृत करना है। दूसरा समझौता स्पील एससी के सीईओ तहसीन जाहिद और प्रो. संगीता शुक्ला के बीच हुआ, जो स्वयं सहायता समूहों की 600 महिलाओं को बैडमिंटन रैकेट और शटल कॉक के निर्माण-केंद्रित प्रशिक्षण के माध्यम से सशक्त बनाने के लिए किया गया। इस अवसर पर जयंत चौधरी ने कहा मेरठ में ‘भविष्य कौशल केंद्र’ की स्थापना छात्रों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, हेल्थकेयर, मशीन लर्निंग जैसे नए जमाने के पाठ्यक्रमों में प्रशिक्षण प्राप्त करने का शानदार अवसर प्रदान करेगी। इस तरह की पहल से छात्रों को नई तकनीकों में कुशल बनाया जाएगा, जिससे वे उद्योगों में अपनी पहचान बना सकेंगे।

वेद मणि तिवारी ने कहा तेजी से विकसित होती तकनीकों के बीच भविष्य की कार्यबल को उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप कौशल प्रदान करना आवश्यक है। कुलपति प्रो. संगीता शुक्ला ने कहा कौशल विकास और महिला सशक्तिकरण की दिशा में यह समझौता बहुत महत्वपूर्ण है। विश्वविद्यालय परिसर में शटलॉक निर्माण केंद्र की स्थापना से नई रोजगार संभावनाएं उत्पन्न होंगी और महिलाएं आत्मनिर्भर बन सकेंगी। हमारा लक्ष्य महिलाओं को आधुनिक तकनीकों और पारंपरिक कौशलों में प्रशिक्षित करना है, जिससे वे उद्योगों से जुड़कर आर्थिक रूप से सक्षम बन सकें।

इस कार्यक्रम में डॉ. लक्ष्मीकांत बाजपेयी (सांसद, राज्यसभा), डॉ. राजकुमार सांगवान (सांसद, लोकसभा, बागपत), चंदन चौहान (सांसद, लोकसभा, बिजनौर), राजेंद्र अग्रवाल (पूर्व सांसद), धर्मेंद्र भारद्वाज, हाजी गुलाम मोहम्मद, गौरव चौधरी (जिला पंचायत अध्यक्ष, मेरठ) , मेरठ के जिलाधिकारी डॉ विजय कुमार सिंह सहित कई अतिथि उपस्थित रहे।

Related articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

4,000,000FansLike
100,000SubscribersSubscribe

Latest posts