– सपा नेता से पुलिस की झड़प, चंद्रशेखर आजाद आज दलित परिवार से मिलेंगे।
शारदा रिपोर्टर मेरठ। दलित महिला की हत्या कर उसकी बेटी को अगवा करने के मामला तूल पकड़ता जा रहा है। पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे सांसद रामजीलाल सुमन को मेरठ के प्रतापपुर टोल प्लाजा पर रोक दिया गया है। सपा के डेलिगेशन को मेरठ में एंट्री नहीं दी जा रही है।

सांसद रामजीलाल सुमन के साथ सपा विधायक अतुल प्रधान भी हैं। अतुल प्रधान और पुलिस के बीच झड़प हुई। वहीं, भाजपा नेता संगीम सोम और हरेंद्र मलिक ने कपसड़ा गांव पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की है। चंद्रशेखर आजाद सहित अन्य दलों के नेताओं के पहुंचने की भी संभावना है।
अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों के लगातार समझाने के बाद परिजनों ने कल 30 घंटे बाद मृतका का अंतिम संस्कार किया था।
सपा मुखिया अखिलेश यादव ने पीड़ित परिवार से फोन पर बात कर तीन लाख रुपए की मदद का ऐलान किया, जबकि अतुल प्रधान ने मौके पर दो लाख रुपए का चेक सौंपा। गांव में हालात को देखते हुए 10 थानों की पुलिस के साथ आरएएफऔर पीएसी तैनात है।
परिजन आरोपी कंपाउंडर की गिरफ्तारी और लड़की की सकुशल बरामदगी की मांग कर रहे हैं। लड़की के पिता ने कहा- बेटी शादी तय हो चुकी थी। दरिंदों ने सब बर्बाद कर दिया। वहीं, भाई ने बहन की जान को खतरा बताया है।
सांसद हरेंद्र मलिक ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की: मुजफ्फरनगर लोकसभा
सांसद हरेन्द्र मलिक ने पीड़ित परिवार से मुलाकात की। हरेन्द्र मलिक ने घटना को निंदनीय बताया। हम लोगों को पुलिस के काम में हस्ताक्षेप करने की जरूरत नहीं है। अपराध राजनीतिक नहीं होता है।
नेता कोई भी आए, किसी समाज को टारगेट न करे: गांव के लोगों का कहना है कि गांव में कोई भी नेता या किसी भी पार्टी का राजनेता आए, उन्हें कोई आपत्ति नहीं है। लेकिन किसी भी समाज को टारगेट न किया जाए। लोगों का साफ कहना है कि जो भी अपराधी है, कार्रवाई उसी पर होनी चाहिए, चाहे उसके घर पर बुलडोजर ही क्यों न चलाना पड़े।

