spot_imgspot_imgspot_imgspot_img
Tuesday, February 17, 2026
spot_imgspot_imgspot_imgspot_img
Homeउत्तर प्रदेशMeerutमेरठ: आईएमए के बैनर तले चिकित्सकों ने निकाला पैदल मार्च

मेरठ: आईएमए के बैनर तले चिकित्सकों ने निकाला पैदल मार्च

-

  • न्यूटिमा अस्पताल प्रकरण में चिकित्सकों ने दिखाई एकता।
  • कलक्ट्रेट पहुंचकर मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन सौंपा।

शारदा न्यूज, रिपोर्टर |

मेरठ। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के बैनर तले शहर के चिकित्सकों ने आईएमए हॉल से कलक्ट्रेट तक पैदल मार्च निकाला। चिकित्सकों ने सपा विधायक अतुल प्रधान पर अनैतिक दबाव बनाने और उनके खिलाफ कार्रवाई के साथ ही सुरक्षा की मांग उठाई।

आईएमए मेरठ शाखा अध्यक्ष डा. संदीप जैन और सचिव डा. तरूण गोयल ने कहा कि मेरठ शहर में पिछले 16 वर्षों से कुछ अराजक तत्वों के समूह द्वारा शहर के अस्पतालो व चिकित्सकों को टारगेट करके अराजकता का माहौल बनाया जा रहा है। इससे चिकित्सा जगत में भय का माहौल है परिणाम स्वरूप चिकित्सक वर्ग अराजक तत्वों से भयभीत होने के चलते गंम्भीर मरीजों का इलाज करने में अपने आप को असर्मथ महसूस कर रहा है।

 

सभी प्रकार के मरीजो के ठीक होने के बाद भी बिल न देने की इच्छा से कुछ असामाजिक एवं अराजक तत्व हंगामा और झगडा फसाद करते है और चिकित्सको व कर्मचारियों से धक्का मुक्की करके, डरा के, बिना बिल दिये मरीज को उठा कर ले जाते है। इस अराजकता के समय पर अस्पताल में भर्ती अन्य मरीजो के इलाज में भी व्यवधान उत्पन्न होता है जिससे किसी की जान भी जा सकती है।

ऐसे किसी भी हंगामे में जब भी पुलिस से चिकित्सक वर्ग द्वारा शिकायत की जाती है, तो पुलिस केवल मूकदर्शक बनकर खड़ी रहती है। कोई भी उचित कार्यवाही नही करती। मेडिकल प्रोटेक्शन एक्ट की धाराओं की लोकल पुलिस प्रशासन को कोई जानकारी नहीं है और न ही पुलिस प्रशासन द्वारा उपरोक्त अधिनियम को क्रियान्वित किया जाता है।

 

 

चिकित्सकों ने कहा कि पिछले 15-16 वर्षों में उपरोक्त तरह के हंगामों, झगडे आदि के अधिकतर मामलो मे सरधना विधान सभा से विधायक अतुल प्रधान का अहम हाथ रहा है। हाल ही में घटित न्यूटिमा हॉस्पिटल प्रकरण में प्रसव के लिये भर्ती हुई मरीज सोनम पत्नी अजय कुमार निवासी ग्राम मीरा थाना दौराला जिला मेरठ ने उसी दिन एक अस्वस्थ बच्चे को जन्म दिया था। जो तभी से डॉ अमित उपाध्याय की निगरानी में भर्ती था। बच्चा धीरे-धीरे स्वास्थ्य हो रहा था। इस दौरान बच्चे के उपचार से बच्चे के तीमारदार पूर्णतया संतुष्ट थे और कोई शिकायत हॉस्पिटल प्रबंधन और उपचाराधीन चिकित्सक से नहीं थी।

घटना वाले दिन 06नवंबर की शाम लगभग 5 बजे अचानक उपचाराधीन नवजात बच्चे के पिता, चाचा एवं दादा के साथ समाजवादी पार्टी के मेरठ के सरधना क्षेत्र से विधायक अतुल प्रधान अपने 30-40 समर्थकों के साथ हॉस्पिटल के बकाया बिल का भुगतान न करने के लिए अस्पताल के चिकित्सकों एवं कर्मचारियो से धक्का-मुक्की करते हुए गाली गलौज एवं शोर मचाते हुए जबरन अस्पताल में घुस आए। इन्होंने हंगामा कर अस्पताल चिकित्सकों एवं कर्मचारियों के साथ मदतमीजी शुरू कर दी साथ ही चिकित्सकों एवं कर्मचारियों को मारने पीटने की धमकी दी। डा संदीप गर्ग के साथ अस्पताल लॉबी में अभद्रता की एवं झूठे आरोप लगाये साथ ही अस्पताल के चिकित्सक डा अमित उपाध्याय, डा विनोद शर्मा डा हरिराज तोमर डा सुमित उपाध्याय एवं कॅपटन राजीव रस्तोगी से भी अभद्रता की।

इस दौरान वहा पर मौजूद रहे आईएमए मेरठ के सचिव डा तरूण गोयल एवं अन्य पदारकारियो, डा विजय सिंह का आशू मित्तल आदि एवं अन्य मौजूद चिकित्सकों के साथ अराजकता की और मरीज का तीमारदार अस्पताल से स्वस्थ्य हो चुकी बेबी आॅफ सोनम को जबरन बिना अस्पताल का बकाया भुगतान कर हंगामा करते हुए घर ले गये।

चिकित्सकों ने आरोप लगाया कि विधायक अतुल प्रधान के विरूद्ध अभी तक 38 मामले विभिन्न न्यायालयों में लंबित है जबकि 39 वां मामला अभी हाल ही में न्यूटिमा हास्पिटल मेरठ में किये गये हंगामे और चिकित्सको से की गयी अभद्रता के लिए मेडिकल प्रोटेक्शन एक्ट के तहत पंजीकृत हुआ है। विधायक अतुल प्रधान की सीधी संलिप्तता बार बार उपरोक्त तरह के मामलों में पायी जा रही है

चिकित्सकों ने मुख्यमंत्री से मांग करते हुए कहा कि हाल ही में न्यूटिमा हास्पिटल मेरठ में हुऐ प्रकरण में कार्यवाही इस प्रकार हो कि एक उपरोक्त अराजक एवं असामाजिक तत्वों के लिए एक नजीर बन जाये और भविष्य में इसकी पुन्नारावृति की कल्पना करने से भी डरे। दूसरा जो चार्जशीट दाखिल हुई है उसको सम्बंधित न्यायालय में प्रस्तुत करवाया जाये और सुनिश्चित किया जाये कि उक्त प्रकरण में कार्यवाही इस प्रकार हो इस भविष्य के लिए एक उदाहरण बन जाए इसके अलावा पुलिस प्रशासन को भी इस प्रकार के निर्देश दिए जाये कि चिकित्सकों का सुरक्षा एवं एक भयमुक्त माहौल में कार्य करना सुनिश्चित कराया जाये।

सपा विधायक अतुल प्रधान व इनके गुण्डे सर्मथकों के भय से मेरठ जिले में चिकित्सक सहमे हुये है। इस प्रकरण में संलिप्त सभी लोगे के विरूद्ध कठोर कायार्वाही होती है तो भविष्य में कोई और इस प्रकार का कृत्य करते हुऐ डरेगा और हम लोग अपना चिकित्सा कार्य भयमुक्त वातावरण में सुचारू रूप से कर सके एवं मरीजो की सेवा अपनी भरपूर क्षमता के साथ कर पाये। इस दौरान शहर के तमाम चिकित्सक मौजूद रहे।

Related articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Stay Connected

4,000,000FansLike
100,000SubscribersSubscribe

Latest posts