– तहसील दिवस पर अधिकारियों के सामने खुद पर डाला मिट्टी का तेल, प्रशासन ने दिए जांच के आदेश।
शारदा रिपोर्टर मेरठ। मवाना थाना क्षेत्र के नासरपुर गांव निवासी किसान मांगेराम ने शनिवार को तहसील दिवस के दौरान आत्मदाह का प्रयास कर सनसनी फैला दी। बिजली विभाग की अनियमित आपूर्ति से परेशान किसान ने तहसील सभागार में अधिकारियों के सामने अपने ऊपर मिट्टी का तेल छिड़क लिया। घटना के समय अपर जिलाधिकारी (एडीएम) सत्य प्रकाश सिंह, एसपी देहात अभिजीत कुमार, एसडीएम संतोष कुमार सिंह और तहसीलदार निराकार सिंह समेत कई अधिकारी मौके पर मौजूद थे।

घटना से सभागार में अफरा-तफरी मच गई। मौके पर मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों ने तुरंत स्थिति को संभाला और किसान को आत्मदाह करने से रोका। इसके बाद अधिकारियों ने किसान की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए उसका प्रार्थना पत्र स्वीकार किया। किसान मांगेराम का कहना है कि पिछले कई महीनों से बिजली की अनियमित आपूर्ति के कारण उसकी खेती-बाड़ी बुरी तरह प्रभावित हो रही है। कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हुआ, जिससे वह मानसिक रूप से परेशान हो गया और उसे यह कदम उठाने पर मजबूर होना पड़ा।
एडीएम सत्य प्रकाश सिंह ने मामले को गंभीरता से लेते हुए बिजली विभाग के अधिकारियों को तत्काल सुधार के सख्त निर्देश दिए हैं। साथ ही पूरे प्रकरण की जांच कराने का आश्वासन भी दिया गया है। घटना के बाद किसान को मवाना के सरकारी अस्पताल में उपचार के लिए भेजा गया है। इस घटना ने क्षेत्र में बिजली व्यवस्था की खराब स्थिति और किसानों के बढ़ते आक्रोश को उजागर कर दिया है। प्रशासन ने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई का भरोसा दिलाया है।
मवाना तहसील में एडीएम ने सुनीं शिकायतें

मेरठ। मवाना तहसील समाधान दिवस पर अपर जिलाधिकारी (एडीएम) सत्य प्रकाश सिंह ने फरियादियों की समस्याओं को सुना। इस दौरान एसपी देहात अभिजीत कुमार, उपजिलाधिकारी मवाना संतोष कुमार और नायब तहसीलदार निरंकार सिंह सहित सभी विभागीय अधिकारी मौजूद रहे। उन्होंने ग्रामीणों की शिकायतें दर्ज कीं। एडीएम सत्य प्रकाश सिंह ने पुलिसकर्मियों और संबंधित अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों से संबंधित जमीन, स्वास्थ्य केंद्रों और बिजली विभाग से जुड़ी सभी समस्याओं पर तत्काल कार्रवाई की जाए और उनका शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। फरियादियों ने इस अवसर पर अपनी लंबे समय से लंबित समस्याओं को अधिकारियों के समक्ष रखा। अधिकारियों ने इन शिकायतों पर तुरंत संज्ञान लिया। यह आयोजन स्थानीय प्रशासन की जनसेवा के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।

