तीन बदमाश गिरफ्तार, छह क्विंटल बिजली तार और आॅटो लोडर मिला, पुलिस पर की थी फायरिंग
हापुड़। गढ़मुक्तेश्वर में सोमवार देर रात पुलिस और बिजली के तार चोरी करने वाले गैंग के बीच मुठभेड़ हो गई। स्याना-बहादुरगढ़ मार्ग पर चेकिंग के दौरान पुलिस ने एक आॅटो लोडर को रोकने की कोशिश की।
पुलिस के मुताबिक, उसमें सवार बदमाशों ने जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में दो बदमाशों के पैर में गोली लगी। पुलिस ने दोनों घायलों समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनके कब्जे से करीब 6 क्विंटल बिजली के तार, आॅटो लोडर, अवैध हथियार, कारतूस और तार काटने के औजार बरामद किए गए हैं।
सीओ गढ़मुक्तेश्वर राहुल यादव ने बताया कि क्षेत्र में लगातार बिजली के तार चोरी होने की शिकायतें मिल रही थीं। पुलिस इस गैंग की तलाश में जुटी थी। सोमवार रात करीब 12 बजे कोतवाली प्रभारी देवेंद्र सिंह बिष्ट टीम के साथ स्याना-बहादुरगढ़ मार्ग पर चेकिंग कर रहे थे। इसी दौरान पुलिस ने एक आॅटो लोडर को रुकने का इशारा किया।
पुलिस के अनुसार, आॅटो लोडर रुकने के बजाय उसमें बैठे बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। इस दौरान प्रभारी निरीक्षक बाल-बाल बच गए। पुलिसकर्मियों ने अपनी जान बचाते हुए जवाबी फायरिंग की। इसमें दो बदमाशों के पैर में गोली लगी। पुलिस ने घेराबंदी कर तीसरे आरोपी को भी पकड़ लिया।
पकड़े गए आरोपियों की पहचान सुरेंद्र उर्फ सुंदर निवासी नंगला आलमपुर, बुलंदशहर, दीपक निवासी शाहपुर चौधरी, गढ़मुक्तेश्वर और शेरू उर्फ जयदीप निवासी हर्ष विहार, साहिबाबाद, गाजियाबाद के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके पास से करीब 6 क्विंटल बिजली के तार, एक आॅटो लोडर, अवैध हथियार, कारतूस और तार चोरी करने के औजार बरामद किए हैं।
पूछताछ में आरोपियों ने गढ़मुक्तेश्वर, बहादुरगढ़ और बाबूगढ़ क्षेत्र में बिजली के तार चोरी की कई घटनाओं में शामिल होना कबूल किया है। इन मामलों में एंटी पावर थेफ्ट थाने में पहले से केस दर्ज हैं।
सीओ ने बताया कि पकड़े गए आरोपी शातिर अपराधी हैं। सुरेंद्र के खिलाफ अलग-अलग जिलों में 41 मुकदमे, शेरू के खिलाफ 19 और दीपक के खिलाफ 6 मुकदमे दर्ज हैं। इनमें बिजली के तार चोरी, गैंगस्टर एक्ट और आर्म्स एक्ट के मामले शामिल हैं। पुलिस अब आरोपियों के पुराने आपराधिक रिकॉर्ड खंगालने के साथ गैंग के अन्य सदस्यों और चोरी के नेटवर्क के बारे में जानकारी जुटा रही है।