– विधायक को बुलाने पर अड़े गुस्साए परिजन बोले केवल वोट के समय आते हैं, देर तक चला हंगामा।
अमरोहा। गुरुवार सुबह बछरायूं कस्बे के मोहल्ला बकाबाद में बजरी से भरे एक अनियंत्रित ओवरलोड ट्रक ने मासूम की जिंदगी छीन ली। दो साल के दक्ष प्रजापति की इस हादसे में मौके पर ही मौत हो गई। जिससे पूरे इलाके में मातम और आक्रोश का माहौल बन गया। घटना के बाद गुस्साए परिजनों और स्थानीय लोगों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नाराजगी व्यक्त की। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने से भी इनकार कर दिया।

अमरोहा जिले के बछरायूं के मोहल्ला बकाबाद में गुरुवार सुबह एक दर्दनाक हादसा हो गया। सुबह करीब 6:45 बजे बजरी से भरे एक अनियंत्रित ओवरलोड ट्रक ने मोनू प्रजापति के दो वर्षीय पुत्र दक्ष प्रजापति को कुचल दिया। इस हादसे में मासूम की मौके पर ही मौत हो गई। मृतक बच्चे के पिता मोनू प्रजापति की पुराने सिंडिकेट बैंक चौराहे पर मिठाई और चाय की दुकान है। दक्ष उनका इकलौता पुत्र था।
पुलिस ने मौके से ही ट्रक और उसके ड्राइवर को पकड़ लिया है। घटना के बाद गुस्साए परिजनों और कस्बेवासियों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नाराजगी व्यक्त की और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने से इनकार कर दिया।
परिजनों और स्थानीय निवासियों का कहना है कि शहर में भारी और ओवरलोड वाहनों का प्रवेश होता है। कस्बेवासियों ने रोष व्यक्त करते हुए कहा कि गन्ने से लदे ट्रक और बजरी के ओवरलोड वाहन दिन-भर घनी आबादी के बीच से गुजरते हैं, जिससे आए दिन हादसे होते रहते हैं।
घटनास्थल पर भारी भीड़ जमा है। उत्तेजित परिजन और कस्बेवासी क्षेत्रीय विधायक राजीव तरारा को मौके पर बुलाने की मांग पर अड़े हुए हैं। उनकी मांग है कि जब तक विधायक और उच्चाधिकारी मौके पर आकर शहर में ओवरलोड वाहनों की नो-एंट्री सुनिश्चित नहीं करते, तब तक शव को नहीं उठने दिया जाएगा।
वहीं, हंगामे के बीच दक्ष के पिता मोनू प्रजापति ने विधायक राजीव तरारा से बात की, जिसमें मोनू प्रजापति का दर्द और गुस्सा साफ झलक रहा है। मोनू ने विधायक से तीखे लहजे में कहा कि चुनाव के समय तो आप वोट मांगने आ जाते हो, हमसे वोट ले लेते हो, लेकिन आज इस दुख की घड़ी में हमारे बीच नहीं हो।
तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए बछरायूं थाना प्रभारी कुलदीप तोमर भारी पुलिस बल के साथ मौके पर मौजूद हैं। पुलिस आक्रोशित लोगों को समझाने का प्रयास कर रही है, लेकिन खबर लिखे जाने तक गतिरोध बरकरार था और कस्बेवासी कार्रवाई की मांग पर डटे हुए थे।

